Maharana Pratap History of Hindi – महाराणा प्रताप के बारे में रोचक तथ्य

interesting facts about maharana pratap

interesting facts about maharana pratap

Maharana Pratap History of Hindi – इसमें कोई सक नहीं की महाराणा प्रताप को भारत का सबसे महान योद्धा माना जाता है, इतिहास उनकी वीरता की बातो से भरा पड़ा है! और लोग आज भी उन्हें याद करते है। उनका जन्म 9 मई 1540 कुंभलगढ़ में हुआ था जबकि निधन 19 जनवरी 1597 को 56 साल की उम्र में चावंड, मेवाड़ में हुआ था !

प्रताप के पिता उदय सिंह द्वितीय और माता जयवंता बाई थीं ! यह मुख्य रूप से हल्दीघाटी युद्ध के लिए लोकप्रिय है जिसमें उनका सामना अकबर से हुआ था! तो चलिए आज कुछ रोचक और दिलचस्प तथ्य जानते है इस महान हिंदुस्तानी योद्धा के बारे में ! Maharana Pratap History of Hindi

Interesting Facts about Maharana Pratap in Hindi

Maharana Pratap History of Hindi

1. महाराणा प्रताप की हाइट 7 फीट और 5 इंच थी।

2. महाराणा प्रताप का पूरा नाम “महाराणा प्रताप सिंह सिसोदिया” था।

3. महाराणा प्रताप का बचपन का नाम “कीका” था। इनके पिता का नाम “राणा उदय सिंह” था।

4. महाराणा प्रताप की 11 पत्नियां थीं , जिसमें वो सबसे ज्यादा महारानी अजबदे ​​पंवार को पसंद करते थे। उन 11 पत्नियों के साथ उनके 17 बेटे और 5 बेटियां थीं। (हालांकि विभिन्न ऐतिहासिक अभिलेखों में पत्नियों और बेटियों की संख्या अलग अलग बताई गई है)

5. ऐसा कहा जाता है कि हल्दीघाटी के युद्ध में, महाराणा प्रताप ने मुगल प्रतिद्वंद्वी बहलोल खान को अपने घोड़े से मरवाया था।

6. हल्दीघाटी का युद्ध 18 जून 1576 ईस्वी को हुआ था।

7. एक युद्ध के दौरान, महाराणा प्रताप के करीबी व्यक्ति झाला मान ने उनका मुकुट पहना था और मुगलों पर हमला करते हुए उन्हें महाराणा प्रताप होने की गलतफहमी समझा और उस युद्ध में, झाला मान मारे गए थे। झाला मान वही थे जिन्होंने प्रताप को युद्ध के मैदान छोड़ने की सलाह दी थी।

इसे भी पढ़े :-

8. एक किस्सा ऐसा भी है, जब वह जंगल में संघर्ष कर रहे थे, तब उनके पास खाने के लिए कुछ नहीं था तो उन्होंने घास की बनाई रोटियां खाई थी।

9. युद्ध के मैदान में, वह लगभग 360 किलो वजन के साथ लड़ते थे, जिसमें 80 किलो का भाला होता था, दो तलवारें जिनका वजन 208 किलोग्राम होता था और उसका कवच लगभग 72 किलोग्राम भारी होता था। जबकि उनका खुद का वजन 110 किलो से अधिक था।

Interesting Facts about Maharana Pratap in Hindi
Maharana Pratap

10. महाराणा प्रताप की सौतेली माँ रानी धीर बाई शुरू में चाहती थी कि कुंवर जगमाल सिंह मेवाड़ के राजा बनें। लेकिन एक लंबी बहस और संघर्ष के बाद अदालत ने कुंवर जगमाल को पद के लिए अयोग्य पाया और इसलिए महाराणा प्रताप को शासक बना दिया गया।
कुंवर जगमाल सिंह ने बाद में अपने दो भाइयों शक्ति सिंह और सागर सिंह के साथ मुगल सम्राट अकबर की सेवा की।

Interesting Facts about Maharana Pratap 11-25

11. राजनीतिक कारणों से महाराणा प्रताप ने 11 शादियां की थी। यह तथ्य बहुत ही रोचक और आश्चर्यजनक है।

12. चित्तौड़ को मुक्त करना उनका सपना था और इसलिए उन्होंने एक प्रतिज्ञा की कि वह एक पत्ती की थाली में खाएंगे और जब तक वह चित्तौड़ वापस नहीं जीत लेते तब तक एक तिनके के बिस्तर पर सो जाएंगे। आज भी कुछ राजपूतों ने महान महाराणा प्रताप के सम्मान में उनके बिस्तर के नीचे एक प्लेट और पुआल के नीचे एक पत्ता रखा है।

13. महाराणा प्रताप को हराना अकबर का सपना था लेकिन वह अपने जीवनकाल में सफल नहीं हो सका। उन सभी राजपूत राजवंशों के बाद भी जिनमें गोगुन्दा शामिल था, और बूंदी ने अकबर के सामने आत्मसमर्पण कर दिया था, प्रताप कभी अकबर के सामने नहीं झुका।

इसे भी पढ़े :- घोड़े से जुड़े 10 रोचक तथ्य

14. महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक के बारे में हम सभी जानते हैं, जिन्होंने लड़ाई में उनके लिए अपनी आहुति दी थी। लेकिन महाराणा प्रताप के पास एक हाथी भी था, जिसके बारे में कहा जाता है कि उसने एक लड़ाई में मुग़ल सेना को कुचल दिया था।

Maharana Oratap and Horse Chetak Statue
Maharana Pratap and Horse Chetak Statue

15. मुगल सम्राट अकबर महाराणा प्रताप और मेवाड़ को अपने अधीन करना चाहता था। इसके लिए उसने चार राजदूत नियुक्त किए थे। जलाल खान, मानसिंह, भगवान दास और राजा टोडरमल। पर उन चारों के समझाने के बाद भी महाराणा प्रताप ने अकबर के अधीन होना स्वीकार नहीं किया।

16. हल्दीघाटी के युद्ध में हकीम खां सूरी महाराणा प्रताप की फौज में एकमात्र मुस्लिम सरदार था।

17. महान सम्राट अकबर भी महाराणा प्रताप की वीरता से इतना प्रभावित था की उसने महाराणा प्रताप को प्रस्ताव दिया था कि यदि वे उसके सामने झुक जाते हैं तो आधा भारत महाराणा प्रताप का हो जाएगा। परंतु उन्होंने यह प्रस्ताव अस्वीकार कर दिया। महाराणा प्रताप ने कहा कि मरते दम तक कभी भी अपना सिर मुगलों के सामने नहीं झुकाऊँगा ।

इसे भी पढ़े :- 1966 में बरेली के बाज़ार में गिरा झुमका 2020 में मिल गया है

18. हल्दीघाटी में महाराणा प्रताप और सम्राट अकबर के बीच इतना भयंकर युद्ध हुआ था की इस युद्ध को 300 साल हो चुके हैं, पर आज भी वहां के युद्ध मैदान की जमीन से तलवारे पाई जाती हैं। आखरी बार १९८५ में तलवारो का जखीरा मिला था !

19. महाराणा प्रताप की तरह उनके सेनापति और सैनिक भी बहुत वीर थे। उनका एक सेनापति युद्ध में सिर कटने के बाद भी लड़ता रहा था।

20. शायद आप नहीं जानते होंगे की हल्दीघाटी के युद्ध में ना तो अकबर की जीत हुई और ना ही महाराणा प्रताप की।

21. इस युद्ध में सम्राट अकबर के पास 85000 सैनिक थे जबकि महाराणा प्रताप के पास केवल 20000 सैनिक थे। सेना में इतना फर्क होने के बावजूद भी महाराणा प्रताप अकबर से संघर्ष करते रहे और पीछे नहीं हटे।

22. अकबर को महाराणा प्रताप जी का इतना दर था की सपने में महाराणा प्रताप दिखाई देते थे।

23. महाराणा प्रताप को भारत का प्रथम स्वतंत्रता सेनानी भी कहा जाता है।

Akbar and Praytap sinh
Maharana Pratap and Akbar

24. सम्राट अकबर से मुकाबला करने के लिए महाराणा प्रताप ने अपना महल त्याग दिया और दिन-रात युद्ध की तैयारी में जुट गए। लोहार जाति के हजारों लोग भी उनके साथ शामिल हो गए और दिन रात तलवारें बनाने का काम किया।

Interesting Facts about Maharana Pratap 25-35

25. महाराणा प्रताप बहुत लोकप्रिय थे, मेवाड़ राज्य के भील जाति के लोग महाराणा प्रताप को अपना बेटा मानते थे। राणा प्रताप भी उनका दिल से स्वागत करते थे और उनको अपना मानते थे !

26. युद्ध में महाराणा प्रताप हमेशा दो तलवार रखते थे। यदि उनके दुश्मन के पास तलवार नही होती थी तो उसे अपनी एक तलवार दे देते थे जिससे युद्ध बराबरी का हो। इससे पता चलता है कि महाराणा प्रताप एक न्यायप्रिय राजा थे।

27. सम्राट अकबर चाहता था कि महाराणा प्रताप और जयमल यदि उनके साथ हो जाएं तो अकबर विश्व का सबसे शक्तिशाली राजा बन सकता है।

28. जब सम्राट अकबर को महाराणा प्रताप की मौत के बारे में खबर मिली तो वह भी रो पड़ा था।

29. महाराणा प्रताप एक ही झटके में घोड़े समेत दुश्मन सैनिक को काट डालते थे।

sword
Maharana Pratap sword

30. जब इब्राहिम लिंकन भारत दौरे पर आ रहे थे । तब उन्होने अपनी माँ से पूछा कि- हिंदुस्तान से आपके लिए क्या लाउ ? तब उनकी माँ ने कहा – ”उस महान देश की वीर भूमि हल्दी घाटी से एक मुट्ठी धूल लेकर आना, जहाँ का राजा अपनी प्रजा के प्रति इतना वफ़ादार था कि उसने आधे हिंदुस्तान के बदले अपनी मातृभूमि को चुना ।” लेकिन बदकिस्मती से उनका वो दौरा रद्द हो गया था | “बुक ऑफ़ प्रेसिडेंट यु एस ए ‘ किताब में आप यह बात पढ़ सकते हैं |

इसे भी पढ़े :- जानिए 121 अज़ब गजब रोचक तथ्य

31. उदयपुर के राज्य संग्रहालय में आज भी महाराणा प्रताप की तलवार कवच आदि सामान उदयपुर राज घराने के संग्रहालय में सुरक्षित हैं !

32. चेतक महाराणा प्रताप को बहुत प्रिय था ! एक बार युद्ध में चेतक ने अपना पैर हाथी के सिर पर रख दिया था। घायल महाराणा प्रताप को लेकर वह 26 फीट लंबे नाले के ऊपर से कूद गया था। हर युद्ध में चेतक घोड़े ने महाराणा का साथ निभाया था।

33. महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक का मंदिर भी बना हुआ है, जो आज भी हल्दी घाटी में सुरक्षित है !

34. महाराणा प्रताप की मृत्यु 29 जनवरी 1597 को हुई थी। शिकार करते समय वह दुर्घटनाग्रस्त हो गए थे।

35. राजनीतिक कारणों से महाराणा प्रताप ने 11 शादियां की थी। यह तथ्य बहुत ही रोचक और आश्चर्यजनक है।

आपको ये Maharana Pratap History of Hindi का लेख कैसा लगा वो कमेंट बॉक्स जरूर बताये ! इसे लाइक करे और शेयर करे ! अन्य रोचक और दिलचस्प पढ़ने के लिए हमें फॉलो करे !

Disclaimer:- इस लेख में दी गई जानकारी न्यूज़ पेपर्स और इंटरनेट पर उपलब्ध जानकारी के आधार पर दी गई है “Gkhindinews.com” इसके सच या जूथ होने का दवा नहीं करता, लेख में इस्तेमाल की गई फोटोज उदहारण के तौर पे दिखाई गई है !

अन्य रोचक लेख पढ़े :-

> VIVO IPL 2020 Schedule, Team, Time Table, PDF, Ranking & Winning Prediction

> धोनी की ये तश्वीरे साबित करती है की वो किस लेवल के इंसान है

➤ विश्व में सबसे ज्यादा किस धर्म के लोग रहते है ?

➤ किसी भी अच्छे काम से पहले दही-शक्कर क्यों खाते है?

> कोई भी कुत्ता सुसु करते समय अपनी एक टांग को ऊपर क्यों उठाता है ? जाने क्या है इसके पीछे का रोचक कारण !

> Rochak Kahani Mahabharat ki- महाभारत की रोचक कहानीया

1 thought on “Maharana Pratap History of Hindi – महाराणा प्रताप के बारे में रोचक तथ्य

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *